शासकीय मिनीमाता कन्या महाविद्यालय की राष्ट्रीय सेवा योजना इकाई के द्वारा 27 जनवरी से 2 फरवरी तक ग्राम पंडरीपानी में आयोजित सात दिवसीय विशेष शिविर के तीसरे दिन बौद्धिक परिचर्चा में सत्र न्यायाधीश सुश्री संघपुष्प भट्पहरी ने महिलाओं के विधिक अधिकारो पर विस्तार से चर्चा की।
बौद्धिक परिचर्चा में न्यायधीश सुश्री संघपुष्पा भट्टपहरी ने शिविरार्थियों के द्वारा संचालित दैनिक गतिविधि के सफल संचालन की प्रशंसा करते हुए कहा कि महिलाओं को शारीरिक व मानसिक रूप से प्रताड़ित करने वाले व्यक्तियों के लिए बनाए गए कई नियमों से परिचित कराया। उन्होंने राष्ट्रीय स्तर पर लोक अदालत में आयोजन होने वाले विधिक सेवा प्राधिकरण के अंतर्गत विधिक सहायता महिला व बच्चों से संबंधित जानकारी दी गई। शिविर को शुभकामनाएं देते हुए कहा कि दुनिया इसलिए बुरी नहीं है क्योंकि बुरे लोग हैं बल्कि दुनिया इसलिए बुरी है क्योंकि अच्छे लोग चुप हैं ।
कार्यक्रम के अंत में आभार ज्ञापित करते हुए कार्यक्रम अधिकारी डॉ डेज़ी कुजूर ने सत्र न्यायाधीश श्री संघ पुष्प भट्पहरी को परिचर्चा में शिविरार्थियों को कानूनी रूप से सजग करने के लिए धन्यवाद किया। साथ ही उन्हें प्रशस्ति पत्र एवं स्मृति चिन्ह भेंट की । परिचर्चा का सफल संचालन प्रिया राजपूत, दीपिका चंद्रा ,श्वेता निराला , आरती साहू के द्वारा किया गया।
0 Comments